बेंगलुरु की परप्पना अग्रहारा सेंट्रल जेल में बंद पूर्व सांसद प्रज्वल रेवन्ना के पास मोबाइल फोन और पेन ड्राइव मिलने का मामला सामने आया है। मंगलवार को सेंट्रल क्राइम ब्रांच (CCB) ने जेल में छापेमारी की थी। इस कार्रवाई के दौरान प्रज्वल के पास से मोबाइल और पेन ड्राइव बरामद होने की जानकारी सामने आई है।
जेल DGP आलोक कुमार ने बुधवार को इस मामले की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि जेल में हुई इस घटना को लेकर CCTV फुटेज की जांच की जा रही है। जांच के जरिए यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि मोबाइल और पेन ड्राइव जेल के अंदर प्रज्वल तक कैसे पहुंचे और इसके पीछे कौन लोग शामिल थे।
मामले में जेल प्रशासन पर भी कार्रवाई की गई है। सेंट्रल जेल के SP को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। वहीं, असिस्टेंट सुपरिंटेंडेंट को निलंबित कर दिया गया है। जेल के अंदर प्रतिबंधित सामान पहुंचने को लेकर सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल उठ रहे हैं।
प्रज्वल रेवन्ना जनता दल (सेक्युलर) के विधायक एचडी रेवन्ना के बेटे और पूर्व प्रधानमंत्री एचडी देवेगौड़ा के पोते हैं। वह रेप मामले में दोषी ठहराए जाने के बाद उम्रकैद की सजा काट रहे हैं। जेल में उनके पास मोबाइल फोन और पेन ड्राइव मिलने की घटना ने मामले को एक बार फिर चर्चा में ला दिया है।
प्रज्वल के खिलाफ एक मामले में अगस्त 2025 में अदालत ने उम्रकैद की सजा सुनाई थी। यह मामला उनके परिवार के फार्महाउस में काम करने वाली 47 वर्षीय महिला की शिकायत से जुड़ा था। महिला ने अप्रैल 2024 में शिकायत दर्ज कराते हुए प्रज्वल पर वर्ष 2021 से कई बार रेप करने और घटना के बारे में किसी को बताने पर वीडियो लीक करने की धमकी देने के आरोप लगाए थे।
इस मामले में अदालत की सुनवाई 18 जुलाई 2025 को पूरी हुई थी। प्रज्वल के खिलाफ रेप, ताक-झांक, आपराधिक धमकी और अश्लील तस्वीरें लीक करने सहित कई धाराओं में आरोप तय किए गए थे। इसके बाद 1 अगस्त 2025 को उन्हें दोषी ठहराया गया और 2 अगस्त को अदालत ने उम्रकैद की सजा सुनाई।
अदालत ने प्रज्वल पर 11.50 लाख रुपये का जुर्माना भी लगाया था। इसमें से 11.25 लाख रुपये पीड़िता को देने का निर्देश दिया गया था। प्रज्वल के खिलाफ रेप से जुड़े तीन अन्य मामले भी बताए गए हैं, जिनकी कानूनी प्रक्रिया अभी बाकी है।
प्रज्वल रेवन्ना का मामला वर्ष 2024 में भी काफी चर्चा में रहा था। उस दौरान उनके खिलाफ कई गंभीर आरोप सामने आए थे और बड़ी संख्या में अश्लील वीडियो क्लिप सामने आने की बात कही गई थी। मामले के बाद उनकी राजनीतिक स्थिति पर भी असर पड़ा और जनता दल (सेक्युलर) ने उन्हें पार्टी से निलंबित कर दिया था।
वर्ष 2024 के लोकसभा चुनाव में प्रज्वल रेवन्ना ने कर्नाटक की हासन लोकसभा सीट से चुनाव लड़ा था। वह इस सीट से दोबारा चुनाव मैदान में उतरे थे, लेकिन चुनाव में उन्हें हार का सामना करना पड़ा। इसके बाद उनके खिलाफ चल रहे मामलों और कानूनी कार्रवाई को लेकर उनकी राजनीतिक गतिविधियां भी प्रभावित हुईं।
अब जेल के अंदर उनके पास मोबाइल फोन और पेन ड्राइव मिलने के बाद जेल प्रशासन की भूमिका जांच के दायरे में आ गई है। CCTV फुटेज और अन्य तथ्यों की जांच के बाद यह स्पष्ट हो सकेगा कि ये सामान जेल के अंदर कैसे पहुंचा। फिलहाल मामले की जांच जारी है और जेल प्रशासन की सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल उठ रहे हैं।

